मेरी जीवन-रेखा
बीते रास्ते को एक घुमावदार रेखा में
जन्म के दिन से आज तक को एक घुमावदार रेखा में बनाकर देखने का कागज़ है।
ऊँच-नीच को अच्छा या बुरा न बाँटें, इसलिए इसमें न पैमाना है, न अंक।
ऐसे करें
- बाईं ओर जन्म के दिन से शुरू करके, दाईं ओर आज तक रेखा जोड़कर बनाएँ।
- चढ़ाव और उतार, जैसा याद आता है, वैसा ही रहने दें।
- घुमावदार रेखा के पास यह भी लिख सकते हो कि वह समय कब था।
- सब बना लेने के बाद, नीचे दिए सवाल पढ़कर आज की नज़र से फिर देखो।
कब · किसके साथ
अकेले बैठकर चित्र बनाने के लिए अच्छा कागज़ है। जब समय भरपूर हो, तब खोलोगे तो और दूर तक पीछे मुड़कर देख पाओगे।
मेरी जीवन-रेखा
- सब बना लेने के बाद — क्या ऐसी कोई जगह है जो उस समय समझ नहीं आई थी, लेकिन अब अलग दिखाई देती है?


